26 january speech 2021 (Republic Day drawing)

26 january ki drawing, speech Republic Day Drawing images, 26 january images status & wishes,

26 जनवरी

26 नवंबर 1949 को संविधान सभा के अध्यक्ष डॉ. राजेन्द्र प्रसाद को भारतीय संविधान सुपूर्द किया गया. बता दें कि अनेक सुधारों और बदलावों के बाद सभा के 308 सदस्यों ने 24 जनवरी 1950 को संविधान की दो हस्तलिखित कॉपियों पर हस्ताक्षर किये. इसके दो दिन बाद संविधान 26 जनवरी को देश भर में लागू हो गया. 26 जनवरी को इसलिए चुना गया था क्योंकि 1930 में इसी दिन भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस ने भारत को पूर्ण स्वराज घोषित किया था और यही कारण है कि हर साल 26 जनवरी को गणतंत्र दिवस मनाया जाता है.

26 जनवरी पर शानदार भाषण

आदरणीय शिक्षकों और मेरे प्यारे साथियों को सुप्रभात,
आज गणतंत्र दिवस है और मैं आप सभी को इस दिन की शुभकामनाएं देता हूं. हम सभी आज गणतंत्र दिवस मनाने के लिए एकत्र हुए हैं. गणतंत्र दिवस हर साल 26 जनवरी को मनाया जाता है

क्योंकि इसी दिन हमारे देश का संविधान लागू किया गया था. 26 जनवरी 1950 को हमारे देश भारत एक गणतंत्र देश बन गया. इस दिन की सबसे अच्छी बात यह है कि सभी जाति एवं वर्ग के लोग इसको एक साथ मिलकर मनाते हैं. भारत का संविधान एक लिखित संविधान है. हमारे संविधान को बनने में 2 साल 11 महीने और 18 दिन का समय लगा था. भारतीय संविधान दुनिया में सबसे बड़ा लिखित संविधान है. 26 जनवरी 1950 को डॉ. राजेन्द्र प्रसाद ने गवर्नमेंट हाउस के दरबार हॉल में भारत के पहले राष्ट्रपति के रूप में शपथ ली थी.

भारत के पहले गणतंत्र दिवस के मुख्य अतिथि इंडोनेशिया के राष्ट्रपति सुकर्णो थे. गणतन्त्र (गण+तंत्र) का अर्थ है, जनता के द्वारा जनता के लिये शासन आज के दिन स्वतंत्रता सेनानियों को याद करना बेहद जरूरी है, उन्‍हीं की बदौलत आज हम सब आजाद हैं.

हमारे देश के महान नेताओं और स्वतंत्रता सेनानियों भगत सिंह, चन्द्रशेखर आजाद, लाला लाजपत राय, सरदार वल्लभ भाई पटेल, लाल बहादुर शास्त्री और अनगिनत देशभक्‍तोंं ने ब्रिटिश हुकूमत से लोहा लिया और अपनी जान की कुर्बानी देकर हमें आजादी दिलाई.

भारत को एक आजाद देश बनाने के लिए इन लोगों ने अंग्रेजों के खिलाफ लगातार लड़ाई लड़ी हम इन सभी स्वतंत्रता सेनानियों के योगदान को भूल नहीं सकते. गणतंत्र दिवस के मौके पर राजपथ पर तिरंगा फहराया जाता है. फिर राष्ट्रगान गाया जाता है और 21 तोपों की सलामी होती है. गणतंत्र दिवस के मौके पर अशोक चक्र और कीर्ति चक्र जैसे महत्वपूर्ण सम्मान दिए जाते हैं.

इसके बाद हमारी सेना अपना शक्ति प्रदर्शन और परेड मार्च करती है. परेड में भारत की तीनों सेना- नौ सेना, थल सेना और वायु सेना की टुकड़ी शामिल होती हैं. परेड में तरह तरह की झांकियां दिखाई जाती हैं जो लोगों का मनोरंजन करती हैं. हमारे प्रथम राष्ट्रपति डॉ. राजेंद्र प्रसाद ने कहा था, ”हमने एक ही संविधान और संघ में हमारे पूर्ण महान और विशाल देश के अधिकार को पाया है. जो देश में रह रहे सभी पुरुषों और महिलाओं के कल्याण की जिम्मेदारी लेता है.”

यह बहुत ही शर्म की बात है कि आजादी के इतने वर्षों के बाद भी हम आज अपराध, भ्रष्टाचार और हिंसा जैसी समस्याओं से लड़ रहे हैं. अब समय आ गया है कि हमें दोबारा एक साथ मिलकर अपने देश से इन बुराइयों को बाहर निकाल फेंकना है जैसे कि स्वतंत्रता सेनानी नेताओं ने अंग्रेजों को हमारे देश से निकाल दिया था.

हमें अपने भारत देश को एक सफल, विकसित और स्वच्छ देश बनाना होगा. हमें अपने भारत देश की गरीबी, बेरोजगारी, अशिक्षा, असमानता, आदि जैसे चीजों को अच्छी तरह समझना होगा और इनका हल निकालना होगा. आइये हम सब प्रतिज्ञा लेते हैं कि हम इसी तरह देश की एकता और अखंडता को बनाए रखेंगे और देश के विकास में बढ़-चढ़ कर योगदान देंगे.

इसी के साथ में अपनी वाणी को विराम देना चाहूंगा.
मेरे भाषण को सुनने के लिए आप सभी का धन्यवाद. जय हिंद..

26 जनवरी कविता (poem)

भारत देश हमारा है, यह हमको जान से प्यारा है
दुनिया में सबसे न्यारा, यह सबकी आंखों का तारा है


मोती हैं इसके कण- कण में, बूँद- बूँद में सागर है
प्रहरी बना हिमालय बैठा, धरा सोने की गागर है
भूमि ये अमर जवानों की है, वीरों के बलिदानों की
रत्नों के भंडार भरे हैं, गाथा स्वर्णिम खानों की


सत्य, अहिंसा, शांति बाँटता, इसकी शान तिरंग़ा है
गोद खेलती नटखट नदियाँ, पावन यमुना- गंगा है
चंदन की माटी से महके, मातृभूमि को वंदन है
कोटि-कोटि भारतवालों का, सुंदर सा यह नंदन है


दुनिया में सबसे न्यारा यह, सबकी आँखों का तारा है
हमको जान से प्यारा यह, भारत देश हमारा है.-
जय हिन्द ,जय भारत

26 जनवरी पर लेख (निबंध)

26 जनवरी सन 1950 को हमारे देश को पूर्ण स्वायत्त गणराज्य घोषित किया गया था और इसी दिन हमारा संविधान लागू हुआ था। यही कारण है कि प्रत्येक वर्ष 26 जनवरी को भारत का गणतंत्र दिवस मनाया जाता है और चूंकि यह दिन किसी विशेष धर्म, जाति या संप्रदाय से न जुड़कर राष्ट्रीयता से जुड़ा है, इसलिए देश का हर बाशिंदा इसे राष्ट्रीय पर्व के तौर पर मनाता है।

खास तौर से सरकारी संस्थानों एवं शिक्षण संस्थानों में इस दिन ध्वजारोहण, झंडा वंदन करने के पश्चात राष्ट्रगान जन-गन-मन का गायन होता है और देशभक्ति से जुड़े विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रम एवं प्रतियोगिताओं का आयोजन किया जाता है।

देशाक्ति गीत, भाषण, चित्रकला एवं अन्य प्रतियोगिताओं के साथ ही देश के वीर सपूतों को याद भी किया जाता है

भारत की राजधानी दिल्ली में गणंतंत्र दिवस पर विशेष आयोजन होते हैं। देश के प्रधानमंत्री द्वारा इंडिया गेट पर शहीद ज्योति का अभिनंदन करने के साथ ही उन्हें श्रद्धा सुमन अर्पित किए जाते हैं।

इस दिन विशेष रूप से दिल्ली के विजय चौक से लाल किले तक होने वाली परेड आकर्षण का प्रमुख केंद्र होती है, जिसमें देश और विदेश के गणमान्य जनों को आमंत्रित किया जाता है।

इस परेड में तीनों सेना के प्रमुख राष्ट्रीपति को सलामी दी जाती है एवं सेना द्वारा प्रयोग किए जाने वाले हथियार, प्रक्षेपास्त्र एवं शक्तिशाली टैंकों का प्रदर्शन किया जाता है एवं परेड के माध्यम से सैनिकों की शक्ति और पराक्रम को बताया जाता है।

गांव से लेकर शहरों तक, राष्ट्रभक्ति के गीतों की गूंज सुनाई देती है और प्रत्येक भारतवासी एक बार फिर अथाह देशभक्ति से भर उठता है।

26 january quotes in hindi

राष्ट्र के लिए मान-सम्मान रहे, हर एक दिल में हिन्दुस्तान रहे,
देश के लिए एक-दो तारीख नही, भारत माँ के लिए ही हर सांस रहे.

अपनी आजादी को हम हरगिज मिटा सकते नहीं,
सर कटा सकते हैं लेकिन सर झुका सकते नहीं!

26 january Status

.ये आन तिरंगा है,ये शान तिरंगा है,
अरमान तिरंगा है,अभिमान तिरंगा है,
मेरी जान तिंरगा है!!

देशभक्तों के बलिदान से
स्वतन्त्र हुए हैं हम
कोई पूछे कौन हो तो
गर्व से कहेंगे भारतीय हैं हम

26 january wishes

आज सलाम है उन वीरों को
जिनके कारण ये दिन आता है
वो माँ भी खुशनसीब होती है
बलिदान जिसके बच्चों का देश के काम आता है

जय हिन्द ,जय भारत

why 26 january is celebrated as republic day

Republic Day of India is celebrated on January 26 to mark the day when the Constitution of India came into effect. Why is Republic Day celebrated? The Constitution of India, which was adopted by the Constituent Assembly on November 26, 1949, came into effect on January 26, 1950.

26 january kyu manate hai

26 नवंबर 1949 को संविधान सभा के अध्यक्ष डॉ. राजेन्द्र प्रसाद को भारतीय संविधान सुपूर्द किया गया. बता दें कि अनेक सुधारों और बदलावों के बाद सभा के 308 सदस्यों ने 24 जनवरी 1950 को संविधान की दो हस्तलिखित कॉपियों पर हस्ताक्षर किये. इसके दो दिन बाद संविधान 26 जनवरी को देश भर में लागू हो गया, 26 जनवरी को इसलिए चुना गया था क्योंकि 1930 में इसी दिन भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस ने भारत को पूर्ण स्वराज घोषित किया था और यही कारण है कि हर साल 26 जनवरी को गणतंत्र दिवस मनाया जाता है.